+50 Premanandji Maharaj Motivational Quotes In Hindi
क्या आप भी दिन-रात भविष्य की चिंता और पुरानी यादों के जाल (Overthinking) में फंसे रहते हैं? क्या घबराहट और अनजाना डर आपको आगे बढ़ने से रोक रहा है? परम पूज्य श्री हित प्रेमानंद जी महाराज इस सत्संग के माध्यम से हमें बताते हैं कि कैसे नाम जप और वर्तमान में जीने की कला से हम डिप्रेशन और मानसिक तनाव को जड़ से खत्म कर सकते हैं।
यह पोस्ट केवल शब्द नहीं, बल्कि आपके जीवन में मानसिक शांति और आत्मबल जगाने का एक दिव्य मंत्र है।
प्रेमानंद जी महाराज के 50 अनमोल विचार
- होगा वही जो निश्चित हो चुका है, फालतू का समय सोचकर क्यों नष्ट करते हो?
- सोचने वाले डिपार्टमेंट को राधा-राधा के नाम पर लगा दो।
- तुम भगवान के अंश हो, तुम कुछ भी कर सकते हो।
- निराश होने के लिए मानव शरीर नहीं मिला है, उत्साह से भर जाओ।
- हर कष्ट को तुम रौंद सकते हो, बस थोड़ा साहसी बनो।
- अगर मन को छूट दे दी, तो ये तुम्हें डिप्रेशन में पहुँचा देगा।
- वर्तमान के कर्तव्य पर पूरी दृष्टि रखो और मुख में नाम जप।
- रोये तो केवल प्रभु के लिए, दुनिया के लिए क्या रोना?
- हमें कोई रौंद नहीं सकता, कोई झुका नहीं सकता।
- नाम जप चल रहा है, तो कभी कोई बाधा तुम्हें परास्त नहीं कर सकती।
- संयम से रहो, व्यायाम करो और भजन करो, मुख हमेशा कमल जैसा खिला रहेगा।
- वासना से प्रेरित होकर जियोगे तो बुद्धि, मन और जीवन सब नष्ट हो जाएगा।
- खेल ऐसा खेलो जिसमें कभी घाटा ना हो।
- जो अपने मन और इंद्रियों को जीत लेता है, वो पूरे विश्व को जीत सकता है।
- अंदर के शत्रु (मन) तुम्हें परेशान कर रहे हैं, उन पर विजय पाओ।
- जागो! तुम आनंद के धाम के अंश हो, आनंद स्वरूप हो।
- केवल एक निश्चय कर लो कि अब डरना नहीं, डर खुद तुमसे भाग जाएगा।
- आत्मबल जागृत करो, तुम्हारे अंदर वो शक्ति है कि तुम सब कुछ सह सकते हो।
- ब्रह्मचर्य और संयम ही जवानी की असली शक्ति है।
- गलत संगति और नशा आपके लौकिक और पारलौकिक दोनों मार्ग बंद कर देते हैं।
- सुबह 4 बजे उठो, व्यायाम करो, आधा दिमाग का कचरा वहीं साफ हो जाएगा।
- मनुष्य शरीर केवल भोग के लिए नहीं, योग और सेवा के लिए है।
- सच्चा मित्र वही है जो आपको धर्म के मार्ग पर ले चले।
- एक जवान चाहे तो पूरे भारत का भविष्य बदल सकता है।
- आशीर्वाद बाहरी दिखावे में नहीं, गुरु की बातों को मानने में है।
- परिणाम चाहे सफल हो या असफल, अपना कर्तव्य ईमानदारी से करो।
- तुम मुर्दे जैसा जीवन क्यों जी रहे हो? थोड़ा साहस दिखाओ।
- भगवान के अंश होकर भी छोटी बातों पर रोना शोभा नहीं देता।
- डिप्रेशन कुछ नहीं, बस मन की एक गलत दिशा में चल रही सोच है।
- नाम जप वो औषधि है जो हर मानसिक बीमारी को जड़ से काट देती है।
- जब आप धर्म के रास्ते पर चलते हैं, तो आपके मुख पर दैवीय तेज चमकता है।
- मन कहेगा फिल्म देखो, मन कहेगा घूमो, लेकिन तुम उसे रोको।
- असली विजेता वो है जिसने अपनी इंद्रियों पर लगाम लगा दी।
- भूतकाल का पछतावा और भविष्य की चिंता, दोनों ही व्यर्थ हैं।
- प्रभु के शरणागत हो जाओ, फिर आगे का रास्ता वो खुद बनाएंगे।
- सत्संग सुनना ही काफी नहीं, उसे जीवन में उतारना असली बात है।
- दूसरों को सुख पहुँचाने की भावना रखो, तुम्हें अपना सुख अपने आप मिल जाएगा।
- इंद्रियों के गुलाम मत बनो, उनके मालिक बनो।
- घबराहट तभी होती है जब हम भगवान के बल को भूल जाते हैं।
- नाम जप करने वाला व्यक्ति भारी से भारी दुख में भी नाच सकता है।
- जीवन बहुत कीमती है, इसे गंदी आदतों में बर्बाद मत करो।
- तुम आनंद के लिए विषयों में भटक रहे हो, जबकि आनंद तुम्हारे भीतर है।
- निर्भयता स्वीकार कर लो, फिर काल भी तुम्हारा कुछ नहीं बिगाड़ सकता।
- गंभीर स्वभाव बनाओ और उत्तम विचारों के साथ कर्म करो।
- बाहरी दिखावे से ज्यादा अपने आचरण की शुद्धि पर ध्यान दो।
- अगर जवान पीढ़ी ब्रह्मचर्य का पालन करे, तो भारत फिर से स्वर्ग बन जाएगा।
- चिंता को राधा नाम की आग में जलाकर भस्म कर दो।
- तुम्हारा आत्मबल ही तुम्हारी सबसे बड़ी संपत्ति है।
- प्रभु के सामने झुक जाओ, दुनिया के सामने कभी झुकना नहीं पड़ेगा।
- सच्ची शांति केवल चरणों की सेवा और नाम जप में ही मिलेगी।
महाराज जी हमेशा कहते हैं कि यह मनुष्य शरीर केवल चिंताओं में घुटने के लिए नहीं, बल्कि उस परम आनंद को प्राप्त करने के लिए मिला है। यदि आप भी ओवरथिंकिंग या किसी डर से परेशान हैं, तो आज से ही इन 50 विचारों में से किसी एक को अपने जीवन का आधार बना लें।
विश्वास मानिए, जब आप 'राधा-राधा' नाम जपते हुए अपने कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ेंगे, तो दुनिया की कोई भी ताकत आपको विचलित नहीं कर पाएगी। भगवान के अंश बनो, परिस्थितियों के गुलाम नहीं।
इस ज्ञान को केवल अपने तक न रखें, इसे अपने व्हाट्सएप ग्रुप और दोस्तों के साथ शेयर करें ताकि किसी निराश मन को नई दिशा मिल सके।
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।। राधे-राधे ।।
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